सरकारी मुलाजिम की सरकारी बंगले से सरकार के खिलाफ गणतंत्र दिवस जैसे मौके पर बगावत ! यूपी के बरेली सिटी मजिस्ट्रेट का पद से इस्तीफा ! प्रशासन पर लगाए घनघोर गंभीर आरोप ! देर रात सस्पेंड हुए अलंकार अग्निहोत्री ! मंडलायुक्त को सौंपी गयी जांच ! सस्पेंशन अवधि में शामली डीएम ऑफिस से अटैच रहेंगे अग्निहोत्री
लखनऊ (धर्मेंद्र रस्तोगी/जर्नलिस्ट इन्वेस्टीगेशन न्यूज)। गणतंत्र दिवस का मौका और सरकारी मुलाजिम की सरकारी बंगले से सरकार के खिलाफ बगावत, देशभर के अंदर आजादी के बाद शायद इस तरह का पहला प्रकरण मीडिया सुर्खियों में है। यूपी के बरेली में तैनात सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री ने चर्चित शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद प्रकरण व यूजीसी नियमों में बदलाव के खिलाफ पद से इस्तीफा दे दिया है। अग्निहोत्री के इस्तीफे की खबर देशभर की डिजिटल, इलेक्ट्रॉनिक नेशनल मीडिया में छायी हुई है। इस्तीफे के संदर्भ में सोमवार रात डीएम बरेली के आवास पर अग्निहोत्री की काफी देर वार्ता चली। वार्ता के बाद जिलाधिकारी निवास से बाहर आए अग्निहोत्री ने मीडिया कर्मियों से बातचीत के दौरान जिला प्रशासन पे काफी गंभीर आरोप लगाए हैं। डीएम आवास पर बंधक बनाने जैसे आरोप लगाए गए हैं। जान का खतरा बताते हुए अग्निहोत्री ने देर रात सरकारी आवास खाली कर दिया है। हालांकि, डीएम बरेली अविनाश सिंह ने बंधक बनाने समेत अग्निहोत्री के सभी आरोपों का खंडन किया है। इस बीच, सिटी मजिस्ट्रेट पद से इस्तीफा देने वाले अग्निहोत्री के समर्थन में उतरे लोगों ने डीएम आवास के बाहर और अग्निहोत्री के सरकारी आवास पे जमकर सरकार विरोधी नारेबाजी की। शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद के साथ ही सपा नेता माता प्रसाद पाण्डेय समेत विभिन्न विरोधी दलों से जुड़े नेताओं ने अग्निहोत्री से बात की है। देर रात उत्तर प्रदेश शासन के नियुक्ति विभाग की ओर से जारी आदेश में तत्काल प्रभाव से अलंकार अग्निहोत्री को सिटी मजिस्ट्रेट बरेली के पद से सस्पेंड करते हुए उनके खिलाफ विभागीय जांच मंडलायुक्त बरेली मंडल को दे दी गई है। सस्पेंशन की अवधि के दौरान अलंकार अग्निहोत्री जिलाधिकारी शामली के कार्यालय से अटैच रहेंगे। फिलहाल, पूरे मामले पर प्रशासनिक खुफिया तंत्र नजर रखा हुआ है। (जर्नलिस्ट इन्वेस्टीगेशन न्यूज)।