आगरा पहुंचे उत्तर प्रदेश के डीजी कारागार पीसी मीना ! डिस्ट्रिक्ट जेल व सेंट्रल जेल में महानिदेशक का रेंडम इंस्पेक्शन, हड़कंप ! जेलों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर डीजी बेहद संजीदा
लखनऊ (धर्मेंद्र रस्तोगी/जर्नलिस्ट इन्वेस्टीगेशन न्यूज)। यूपी के डीजी जेल पीसी मीना ने बुधवार में जिला कारागार, केंद्रीय कारागार आगरा का औचक निरीक्षण किया। दोनों जेलों के अंदर तमाम व्यवस्थायें परखने के साथ विभिन्न बिन्दुओं पर डीजी ने मातहतों को जरूरी दिशा निर्देश दिए हैं। डिस्ट्रिक्ट जेल आगरा पहुंचने पर महानिदेशक पीसी मीना को मुख्य द्वार पे सशस्त्र गारद की ओर से गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। जेलर राजेश राय ने पुष्पगुच्छ भेंट करके डीजी का स्वागत किया। डीजी ने महिला बैरक का अवलोकन किया। साफ सफाई की स्थिति पे डीजी ने खास फोकस किया। महिला अहाते में स्थापित लाइब्रेरी, ब्यूटी पार्लर तथा बच्चों के लिए संचालित स्मार्ट क्लास की मीना ने विशेष सराहना की। बंदियों को लू से बचाया जा सके, इसके लिए सभी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने, लाइब्रेरी में पुस्तकों की संख्या बढ़ाने एवं अध्ययन के लिए पुस्तकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। चिकित्सालय में भर्ती बंदियों के बेहतर उपचार की जानकारी हासिल की। पाकशाला निरीक्षण के दौरान स्वच्छता परखी। तैयार हो रहे भोजन की गुणवत्ता चेक की। जिला जेल के बाद केंद्रीय कारागार आगरा आगमन पर जेलर संतोष वर्मा, चिकित्साधिकारी डॉ सुधांशु ने पुष्पगुच्छ भेंट कर डीजी का स्वागत किया। यहाँ भी मीना को गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। मीना ने इंस्पेक्शन की शुरुआत चिकित्सालय परिसर से की। चिकित्सालय में भर्ती बंदियों से उनके स्वास्थ्य, उपचार एवं देखभाल के बाबत जानकारी ली। चिकित्सा अधिकारियों को डीजी ने दो टूक निर्देश दिए हैं कि बंदियों के समयबद्ध एवं समुचित उपचार पे पूरा ध्यान दें। बीमार बंदियों को डीजी ने फल वितरित किए। सर्किल संख्या 4 में सिद्धदोष बंदियों की परेड का निरीक्षण किया। बंदियों से समयपूर्व रिहाई, अपील एवं प्रकरणों की पैरवी के बाबत वार्ता की। जिम्मेदारों को मीना ने निर्देश दिए हैं कि 14 वर्ष की सजा पूर्ण कर चुके बंदियों के समयपूर्व रिहाई प्रस्ताव समय रहते मुख्यालय प्रेषित किए जायें। लंबित प्रकरणों का डीएम व पुलिस कमिश्नर से समन्वय स्थापित कर त्वरित निस्तारण हो। कारागार में संचालित फिनाइल, साबुन निर्माण इकाई का निरीक्षण कर कच्चे माल की शीघ्र उपलब्धता सुनिश्चित करने पे जोर दिया गया। डीजी ने कारागार सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की। आधुनिक तकनीकों विशेषकर सीसीटीवी सर्विलांस के जरिये सुरक्षा व्यवस्था सुदृढ़ करने के निर्देश दिये हैं। (जर्नलिस्ट इन्वेस्टीगेशन न्यूज)।