नमस्कार हमारे न्यूज पोर्टल - मे आपका स्वागत हैं ,यहाँ आपको हमेसा ताजा खबरों से रूबरू कराया जाएगा , खबर ओर विज्ञापन के लिए संपर्क करे +91-8273618080 , हमारे यूट्यूब चैनल को सबस्क्राइब करें, साथ मे हमारे फेसबुक को लाइक जरूर करें | अन्य शहरों की ख़बरें देने के लिए एवं रिपोर्टर बनने के लिए संपर्क कर सकते है मोबाइल नंबर : +91-8273618080

सहसवान की बेटी प्रियांशी बुलबुल ने रचा इतिहास, उत्तराखंड आयुर्वेद विश्वविद्यालय में हासिल की द्वितीय रैंक

रिपोर्ट सैयद तुफैल अहमद

 facebook     whatsapp    

सहसवान (बदायूं) नगर की प्रतिभाशाली बेटी डॉ. प्रियांशी बुलबुल माहेश्वरी ने आयुर्वेदाचार्य (BAMS) परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए उत्तराखंड आयुर्वेद विश्वविद्यालय में द्वितीय रैंक प्राप्त कर सहसवान और बदायूं जनपद का नाम रोशन किया है। उनकी इस उल्लेखनीय उपलब्धि से परिवार, शिक्षकों और नगरवासियों में हर्ष का माहौल है।

प्रियांशी बुलबुल वर्तमान में देवभूमि मेडिकल कॉलेज ऑफ आयुर्वेद एंड हॉस्पिटल, देहरादून की छात्रा हैं। उन्होंने अपनी मेहनत, लगन और प्रतिभा के बल पर यह महत्वपूर्ण सफलता अर्जित की है। वह सहसवान के प्रतिष्ठित व्यवसायी भुवनेश माहेश्वरी तथा हिन्दी विभागाध्यक्ष एवं कवयित्री डॉ. शुभ्रा माहेश्वरी की सुपुत्री हैं।

प्रियांशी का शैक्षणिक सफर शुरू से ही शानदार रहा है। उन्होंने इंटरमीडिएट में फ्लोरेंस नाइटिंगेल स्कूल, बदायूं तथा बी.एससी. में डी.पी. कॉलेज में भी टॉपर रहकर अपनी प्रतिभा का परिचय दिया। इसके अतिरिक्त उन्हें पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए दो बार प्रदेश के पर्यावरण मंत्री द्वारा सम्मानित भी किया जा चुका है। पढ़ाई के साथ-साथ प्रियांशी एक कुशल चित्रकार और संवेदनशील कवयित्री भी हैं।

अपनी सफलता का श्रेय देते हुए प्रियांशी ने अपने माता-पिता, भाई देवांश माहेश्वरी, परिवार के सभी सदस्यों, कॉलेज की शिक्षिका मेघा मैम सहित समस्त शिक्षकों और अपनी सहपाठी शालिनी वर्मा को धन्यवाद दिया। बिहार की मूल निवासी शालिनी वर्मा ने भी विश्वविद्यालय की टॉप-10 सूची में तीसरा स्थान प्राप्त किया है।

प्रियांशी ने कहा कि उनका सपना अपने क्षेत्र में रहकर लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करना है और आयुर्वेद चिकित्सा के माध्यम से समाज की सेवा करना उनका लक्ष्य है।

इस उपलब्धि पर माता डॉ. शुभ्रा माहेश्वरी और पिता भुवनेश माहेश्वरी ने भावुक होते हुए कहा कि उनकी बेटी का बचपन का सपना आज साकार हो गया है। उन्होंने कहा, “आज हमारा मस्तक गर्व से ऊंचा हो गया है। बिटिया ने न केवल अपनी BAMS की पढ़ाई पूरी कर डॉक्टर बनने का सपना पूरा किया, बल्कि पूरे उत्तराखंड में द्वितीय स्थान प्राप्त कर परिवार और शहर का सम्मान भी बढ़ाया है। यह सफलता आप सभी के आशीर्वाद, प्रेम और उसकी अथक मेहनत का परिणाम है।”

प्रियांशी बुलबुल की इस शानदार सफलता पर नगर के गणमान्य नागरिकों, शिक्षकों, समाजसेवियों एवं शुभचिंतकों ने उन्हें बधाई देते हुए उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी हैं। उनकी उपलब्धि सहसवान की युवा पीढ़ी के लिए प्रेरणा का स्रोत बन गई है।

YOU MAY HAVE MISSED

whatsapp whatsapp