हाईलेवल क्राइम मीटिंग में डीजीपी के कड़े तेवर ! अब गंभीर अपराधों व संवेदनशील मामलों की जिलों व रेंज-जोन स्तर पे होगी डेली मॉनिटरिंग ! रक्षाबंधन एवं बारावफात पे हो पुख्ता सुरक्षा व्यवस्था ! बदायूँ पथराव प्रकरण में कठोर कार्रवाई के निर्देश
लखनऊ (धर्मेंद्र रस्तोगी/जर्नलिस्ट इन्वेस्टीगेशन न्यूज)। मंगलवार को यूपी डीजीपी राजीव कृष्ण ने हाई लेवल क्राइम मीटिंग में कई क्षेत्रों की समीक्षा के दौरान सुस्त चाल वाले कुछ जिम्मेदारों के पेंच कसे हैं। रक्षाबंधन, बारावफात से पहले राज्य पुलिस प्रमुख की ये क्राइम मीटिंग काफी अहम मानी गयी है। एडीजी एलओ अमिताभ यश समेत सिग्नेचर बिल्डिंग के सीनियर अफसरों संग ऑनलाइन क्राइम मीटिंग में डीजीपी ने निर्देश दिए हैं कि अपराध, अपराधियों पे जीरो टॉलरेंस की पॉलिसी दैनिक अपराध नियंत्रण में प्रयोग में लायें। प्राथमिकता वाले अपराधों, संवेदनशील मामलों की जनपद व रेंज, जोन स्तर पे दैनिक समीक्षा हो। लॉ एंड ऑर्डर मामलों, गंभीर अपराधों में तत्काल असरदार एक्शन के कड़े निर्देश देते हुए डीजीपी ने प्रदेशभर के फील्ड अफसरों से कहा है कि फेक न्यूज, भ्रामक सोशल मीडिया पोस्ट पे तत्काल सत्यापन व प्रभावी कार्रवाई हो।रक्षाबंधन, बारावफात पे पुख्ता सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने, प्रमुख स्थानों पे पुलिस विजिबिलिटी बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। मिशन शक्ति केंद्रों की कार्यप्रणाली अधिक प्रभावी बनाने के लिए प्रशिक्षण एवं नियमित समीक्षा करने, यक्ष ऐप में अपराधियों का सही व अद्यतन आपराधिक डाटा दर्ज करने, दो से तीन माह पुरानी लंबित विवेचनाओं के समयबद्ध निस्तारण के लिए विकसित पोर्टल के जरिये प्रतिदिन समीक्षा करने को कहा है। डीजीपी ने निर्देशित किया है कि जनपदों के साथ ही रेंज एवं जोन स्तर पे प्रभावी तंत्र विकसित करके प्राथमिकता वाले मामलों यथा लूट, डकैती, छिनैती, छेड़खानी, महिला संबंधी अपराध, धर्म परिवर्तन लव जिहाद प्रकरण, गोवध एवं गोतस्करी आदि मामलों पे विशेष सतर्कता रखते हुए प्रतिदिन मॉनिटरिंग की जाए। वाहनों से स्टंटबाजी व हर्ष फायरिंग हर हाल में रोकने के डीजीपी ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं। विवेचनाओं की बेहतर मॉनिटरिंग करने वाले प्रदेशभर के नौ क्षेत्राधिकारियों को प्रशस्ति पत्र देने के सम्बंधित जनपदों व पुलिस कमिश्नरेट प्रमुखों को निर्देश दिए गए हैं। इस बीच, डीजीपी राजीव कृष्ण ने बदायूँ पथराव प्रकरण की पूर्ण जानकारी ली है। जिम्मेदारों को प्रभावी विधिक एक्शन के निर्देश दिए हैं। (जर्नलिस्ट इन्वेस्टीगेशन न्यूज)।